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*🌞🕉️वसुनंदी गुरुवे नमः🕉️🌞*
*🌞✍️सच्चा साथी✍️🌞*
*👨👩👧👦✍️कहानी सभी के काम की*
*💪👩🚒 मेरा कर्तव्य ✍️🐒*
कैसोवैरी चिड़िया को बचपन से ही बाकी चिड़ियों के बच्चे चिढाते थे।
कोई कहता, ” जब तू उड़ नहीं सकती तो चिड़िया किस काम की।”, तो कोई उसे ऊपर पेड़ की डाल पर बैठ कर चिढाता कि,” अरे कभी हमारे पास भी आ जाया करो…जब देखो जानवरों की तरह नीचे चरती रहती हो…”
और ऐसा बोलकर सब के सब खूब हँसते!
कैसोवैरी चिड़िया शुरू-शुरू में इन बातों का बुरा नहीं मानती थी लेकिन किसी भी चीज की एक सीमा होती है।
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बार-बार चिढाये जाने से उसका दिल टूट गया! वह उदास बैठ गयी और आसमान की तरफ देखते हुए बोली,
“हे ईश्वर, तुमने मुझे चिड़िया क्यों बनाया…और बनया तो मुझे उड़ने की काबिलियत क्यों नहीं दी… देखो सब मुझे कितना चिढ़ाते हैं… अब मैं यहाँ एक पल भी नहीं रह सकती, मैं इस जंगल को हमेशा-हमेशा के लिए छोड़ कर जा रही हूँ!”
और ऐसा कहते हुए कैसोवैरी चिड़िया आगे बढ़ गयी।
अभी वो कुछ ही दूर गयी थी कि पीछे से एक भारी-भरकम आवाज़ आई-
रुको कैसोवैरी! तुम कहाँ जा रही हो!
कैसोवैरी ने आश्चर्य से पीछे मुड़ कर देखा, वहां खड़ा जामुन का पेड़ उससे कुछ कह रहा था।
“कृपया तुम यहाँ से मत जाओ! हमें तुम्हारी ज़रुरत है। पूरे जंगल में हम सबसे अधिक तुम्हारी वजह से ही फल-फूल पाते हैं…. वो तुम ही हो जो अपनी मजबूत चोंच से फलों को अन्दर तक खाती हो और हमारे बीजों को पूरे जंगल में बिखेरती हो…हो सकता है बाकी चिड़ियों के लिए तुम मायने ना रखती हो लेकिन हम पेड़ों के लिए तुमसे बढ़कर कोई दूसरी चिड़िया नहीं है…मत जाओ…तुम्हारी जगह कोई और नहीं ले सकता!”
पेड़ की बात सुन कर कैसोवैरी चिड़िया को जीवन में पहली बार एहसास हुआ कि वो इस धरती पर बेकार में मौजूद नहीं है, भगवान् ने उसे एक बेहद ज़रूरी काम के लिए भेजा है और सिर्फ बाकी चिड़ियों की तरह न उड़ पाना कहीं से उसे छोटा नहीं बनाता!
आज एक बार फिर कैसोवैरी चिड़िया बहुत खुश थी, वह ख़ुशी-ख़ुशी जंगल में वापस लौट गयी।
🌞🔔⏰🪜↔️भव्य आत्माओं:- कैसोवैरी चिड़िया की तरह ही कई बार हम इंसान भी औरों को देखकर कमजोर महसूस करने लगते हैं। हम सोचते हैं कि उसके पास ये है…उसके पास वो है….सब कितने भाग्यशाली हैं…ओर सबकुछ है उसके पास।
हमें कभी भी बेकार के तुलनात्मकता में नहीं पड़ना चाहिए! हर एक जीव अपने आप में महत्वपूर्ण है…अलग है। हर किसी के अन्दर कोई न कोई बात है जो उसे ख़ास बनाती है..हाँ हो सकता है कि वो पूरी दुनिया के लिए बस एक इंसान हो लेकिन किसी एक के लिए वो पूरी दुनिया हो सकता है!
*इसलिए जीवन के महत्व को समझिये और अपने इस अमूल्य जीवन को सकारात्मक विचारों का तोहफा दीजिये….यकीन जानिए सकारात्मक सोच का ये एक तोहफा आपकी पूरे जीवन को शानदार बना देगा!*
*👨👩👧👦✍️➡️🕉️सदैव प्रसन्न रहते हुए अपने सच्चे कर्तव्यों ( वह कार्य जो हमें 84 लाख योनियों से मुक्त करने में सहयोग प्रदान करें ) का पालन किजिए।*
*➡️जैसा हमारा कर्म होगा वैसा ही हमें फल प्राप्त होगा।आज वर्तमान में जो भी हम सभी को प्राप्त हो रहा है वह हमारे द्वारा पूर्वो पार्जित कर्मो का ही फल है।आप किसी भी जीव के मोक्ष मार्ग में सहयोगी नहीं बन सकते तो विरोधी बनकर पाप का संचय मत करो। ना ही किसी बात चिंता करो, अच्छे कर्म करो जो हमसे कोई छुड़ा भी नहीं सकता और चुरा भी नहीं सकता।कर्म यह ऐसी संपत्ति है जो मरने के बाद भी हमारे साथ रहती है।जब जीव जन्म लेता है तो केवल अपने पूर्वो पार्जित कर्मों के साथ ही जन्म लेता है।*
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*जैनम जयतु शासनम*