बुधवार, 16 नवंबर 2022

हमारी अज्ञानता

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*🌞🕉️वसुनंदी गुरुवे नमः🕉️🌞*
*🌞✍️सच्चा साथी✍️🌞*
*👨‍👩‍👧‍👦✍️कहानी सभी के काम की*
*💪👩‍🚒 हमारी अज्ञानता✍️🐒*

*🔔👨‍👩‍👧‍👦↔️तीर्थंकर प्रभु के पंच कल्याणक महोत्सव की अग्रिम सूचना🔔*
*🕉️1. मार्गशीर्ष कृष्ण दशमी 19 नवंबर  2022    शनिवार  को अंतिम तीर्थंकर वर्तमान में शासन नायक सभी के विघ्न हरता 1008 श्री  महावीर भगवानजी का  तप कल्याणक  महोत्सव हैं।*
*👨‍👩‍👦‍👦आप सभी सपरिवार इष्टमित्रों के साथ अपनी शक्तिनुसार उत्सव मनाकर जीवन सफल करें।*

हमारे बगल के गाँव में रहने वाले एक शर्माजी है जिन्होंने अपने एकलौते लड़के को खूब पढ़ाया लिखा कर  इंजीनियर बनाया, बेटा अमेरिका में सेटल हो गया। वहीं पर जयपुर की रहने वाली एक अप्रवासी महिला डॉक्टर से लव मैरिज कर अमेरिकन नागरिकता भी हासिल कर लिया।

इधर बूढ़े शर्मा जी अपनी पत्नी के साथ बनारस के सारनाथ में फ्लैट लेकर, बेटे बहू की याद में जैसे तैसे अपना जीवन गुजर बसर कर रहे है।

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*🕉️🌞✍️पुण्य वृद्धि के इच्छुक  पुण्यात्माओं से निवेदन है कि इस पोस्ट को परिवार, मित्रों और अन्य परिचितों तक इस पोस्ट को भेजकर स्वयं के व उनके पुण्य मे भी वृद्धि करें। धर्मात्मा बंधु पापों को पुण्य मे बदलना चाहते है तो आज ही संस्था से जुड़कर अपना मोक्ष मार्ग को सुरक्षित करें ।जो स्वयं के पुण्य को शीघ्रातिशीघ्र वृद्धिगत करना चाहते है वे सभी अपनी चंचला लक्ष्मी का सदुपयोग संस्था के माध्यम से  करें।✍️*
*✍️➡️👨‍👩‍👧‍👦अगर कोई भी पुण्यात्मा श्रावक इस प्रकार की पोस्ट को व्हाट्सएप पर प्राप्त करना चाहते है तो श्री शांति सागर समाधि साधना सेवा केंद्र जयपुर रजिस्टर संस्था के 📲 9461956111 नंबर पर व्हाट्सएप पर कहानियां + शुभनाम+ 【गांव शहर】निवास स्थान  लिखकर व्हाट्सएप करें,काल ना करें।*⬆️⬆️⬆️⬆️⬆️⬆️⬆️⬆️⬆️⬆️⬆️⬆️⬆️⬆️

सात साल बाद अपने NRI बेटे बहू के आने सूचना पाकर, बड़े हर्ष के साथ शर्मा जी ने खूब सारी तैयारियां की। लेकिन यह क्या, बेटा भारत आकर भी मां बाप के सभी अरमानों पर पानी फेरते हुए, मां बाप से मिलने की जगह दीपावली इंजॉय करने अपनी पत्नी के मायके जयपुर चला गया।

और वहाँ से लौट कर मां बाप के मकान में न रहकर होटल ताज गैंगेज में रुक गया, और शाम को सिर्फ आधे घंटे के लिए कल मां बाप से मिलने जा पहुँचा। मां के हाथ की बनी कोई भी मिठाई व्यंजन खाने से इनकार कर दिया। उसे डर है कि बाहर का कोई भी चीज खाने से उसे संक्रमण हो जाएगा। उसने मां के हाथ का चाय पीने से भी सीधे-सीधे इंकार कर दिया।

अब उस वर्णशंकर मंद बुद्धि नकली अमेरिकन को कौन समझाये, कि संक्रमण मां के हाथ के बने पकवानों में नही उसके दो कौड़ी के दिमाग में है।

जिस मां बाप ने जन्म दिया उनके साथ रहने खाने पीने से उसे संक्रमण हो जाएगा। बेटा दो दिनों बाद वापस जाने की तैयारी कर रहा है, उसका यहाँ दम घुट रहा है ।

शर्मा जी ने बेटे को पढ़ा लिखाकर योग्य और सफल तो बना दिया, किंतु भारतीय संस्कार देना भूल गये।

इसलिए अपने बच्चों को शिक्षा के साथ साथ संस्कार भी देना बहुत जरूरी है, वरना अगले शर्मा जी आप भी हो सकते है।

*🕉️⏰👪🔔✅विशेष : -भव्य आत्माओं, आज हमारी सबसे बड़ी भूल यह है कि हम अपने बच्चों को हाई लेवल की पढ़ाई के लिए अपने पास से दूर भेजते है।उसे किसी प्रकार की तकलीफों का सामना ना करना पड़े इसलिए आवश्यकता से ज्यादा पैसा दिया जाता है।वह उन पैसों से अन्य सहपाठियों के साथ अनावश्यक रूप से अपव्यय करके व्यसनों का आदि हो जाता है। जैसे तैसे वह डिग्री प्राप्त कर लेता है।जब वह सर्विस के लिए अन्य शहरों में रहने लगता है तो उसके दिमाग में यह बात बैठ जाती है कि मैं अब कमा रहा हूं जो चाहे वह कर सकता हूं। उसके उपर किसी का नियंत्रण न होने से वह गलत निर्णय ले लेता है। माता पिता की इकलौती संतान होने से वह संतान के मोहवश कुछ नहीं करते। अतः हमें अपने बच्चों को बाहर पढ़ाई के लिए भेजने पर भी उनपर धार्मिक संस्कारों को मजबूत रखना चाहिए।*

*👨‍👩‍👧‍👦✍️➡️🕉️सदैव प्रसन्न रहते हुए अपने सच्चे कर्तव्यों ( वह कार्य जो हमें 84 लाख योनियों से मुक्त करने में सहयोग प्रदान करें ) का पालन किजियें।*
*➡️जैसा हमारा कर्म होगा वैसा ही हमें फल प्राप्त होगा।आज वर्तमान में जो भी हम सभी को प्राप्त हो रहा है वह हमारे द्वारा  पूर्वों पार्जित कर्मो का ही फल है।आप किसी भी जीव के मोक्ष मार्ग में सहयोगी नहीं बन सकते तो विरोधी बनकर पाप का संचय मत करो। ना ही किसी बात चिंता  करो, अच्छे कर्म करो जो हमसे कोई छुड़ा भी नहीं सकता और चुरा भी नहीं सकता।कर्म यह ऐसी संपत्ति है जो मरने के बाद भी हमारे साथ रहती है।जब जीव जन्म लेता है तो केवल अपने पूर्वो पार्जित कर्मों के साथ ही जन्म लेता है।*
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*जैनम जयतु शासनम*
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