सोमवार, 27 जनवरी 2025

हमारी वचनमाला

*🌞✍️सच्चा साथी✍️🌞*
*👨‍👩‍👧‍👦✍️कहानी सभी के काम की*
*💪👩‍🚒 अनावश्यक वचनमाला ✍️🐒*

*🔔👨‍👩‍👧‍👦↔️ जैन तीर्थंकर प्रभु के पंच कल्याणक महोत्सव की अग्रिम सूचना🔔*
*🔔🪔 माघ कृष्ण 14 , मंगलवार , 28 जनवरी 2025 कलिकाल के  प्रथम तीर्थंकर श्री आदिनाथ भगवान जी जिनकी आराधना से गुरु की महादशा  अनुकूल हो  जाती है और सभी प्रकार से बौध्दिक संपदा प्राप्ति कर उत्तम धर्म को धारण कर भव्य जीव मोक्ष मार्ग पर  दृढ़ता पूर्वक विचरण करता है। मोक्ष प्रशस्त करने वाले श्री आदिनाथ भगवान जी का मोक्ष कल्याणक महोत्सव है।*
*🔔🪔 माघ अमावस्या 30 , बुधवार , 29 जनवरी 2025 कलिकाल के  ग्यारहवें तीर्थंकर श्री श्रेयांसनाथ भगवान जी जिनकी आराधना से गुरु की महादशा  अनुकूल हो  जाती है और सभी प्रकार से बौध्दिक संपदा प्राप्ति कर उत्तम धर्म को धारण कर भव्य जीव मोक्ष मार्ग पर  दृढ़ता पूर्वक विचरण करता है। मोक्ष प्रशस्त करने वाले श्री श्रेयांसनाथ भगवान जी का केवलज्ञान कल्याणक महोत्सव है।*
*🔔 जनवरी 2025 में तीर्थंकर भगवन्तों के पंच कल्याणक महोत्सव 09,10,12,13 19, 26,28,29,31 तारीख को  कल्याणक महोत्सव है। 🔔षोडश कारण व्रत,14 जनवरी से 13 फरवरी तक*
*👨‍👨‍👦‍👦🔔👉 जनवरी माह में  अष्टमी तिथि   22 को है। चतुर्दशी तिथि  28 जनवरी को है।🔔▶️ जनवरी माह में शुद्ध विवाह मुहूर्त 17, 18 ,19 ,21 व 24 जनवरी को है।*
 *🌞यह सभी पंच कल्याणक तिथियां उत्तर पुराण के अनुसार है इन तिथियों से सम्पूर्ण विश्व में कल्याणक महोत्सव मनाए जाते है।यह सभी  तिथियां जयपुर पंचांग के अंतर्गत है।विस्तृत जानकारी के लिए पढ़ते रहे शिक्षाप्रद कहानियां ।*

*👨‍👨‍👦‍👦अनावश्यक वचनमाला🔔* 
फालतू की बात और बहस करके अपना सम्मान ना गवाए, जितना आवश्यक हो उतना ही बोले.......... 

एक तेली अपने कोल्हू के पास सो रहा था। उसका बैल कोल्हू खींच रहा था। उधर से एक दार्शनिक गुजरा।उसने तेली को जगाकर अपने बारे में बताया और बोला कि इस बैल की आंखों पर तुमने पट्टी क्यों बांधी हुई है। 

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*🕉️🌞✍️पुण्य वृद्धि के इच्छुक  पुण्यात्माओं से निवेदन है कि इस पोस्ट को परिवार, मित्रों और अन्य परिचितों तक इस पोस्ट को भेजकर स्वयं के व उनके पुण्य मे भी वृद्धि करें। धर्मात्मा बंधु पापों को पुण्य मे बदलना चाहते है तो आज ही संस्था से जुड़कर अपना मोक्ष मार्ग को सुरक्षित करें ।जो स्वयं के पुण्य को शीघ्रातिशीघ्र वृद्धिगत करना चाहते है वे सभी अपनी चंचला लक्ष्मी का सदुपयोग संस्था के माध्यम से  कर सकते है ।✍️*
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तेली ने उसे बताया कि पट्टी न हो तो वह समझ जाएगा कि वह एक ही जगह घूम रहा है और वह चलना बंद कर देगा। 

दार्शनिक ने पूछा कि अभी तो तुम सो रहे थे। अगर वह चलना बंद कर देगा तो तुम्हें कैसे पता चलेगा कि वह चल नहीं रहा है। तेली बोला कि तुमने देखा होगा कि इसके गले में एक घंटी लटकी हुई है, जब बैल चलता है तो घंटी बजती रहती है। जब घंटी बजनी बंद हो जाती है तो मैं समझ जाता हूं कि यह रुक गया है और मैं इसे कोंच देता हूं। 

दार्शनिक ने बोला कि यह भी तो संभव है कि वह एक ही जगह खड़ा हो जाए और अपनी गर्दन हिलाकर घंटी बजाता रहे। इस पर तेली ने झुंझलाकर कहा कि यह ऐसा नहीं करेगा। 

दार्शनिक ने पूछा कि तुम दावे के साथ कैसे कह सकते हो कि वह ऐसा नहीं करेगा।

इस पर तेली बोला कि यह बैल है, दार्शनिक नहीं, जो इतनी धूर्तता उसके दिमाग में आए।

*🎪🌞👨‍👨‍👦‍👦🔔विशेष:-भव्य आत्माओं,नितीकार आचार्यों  ने अपने नीति शास्त्र में कुछ ऐसे लोगों का जिक्र किया है जिनको कई बार आपने अपनी नित्य जिंदगी में अनुभव किया होगा हमें उनसे बहस करने से बचना चाहिए। ऐसा करने से आपका समय बर्बाद होता है और साथ ही बहस से आपके रिश्ते भी खराब हो सकते हैं।अनावश्यक विषयों पर बहस करके हम अपना ही सम्मान कम करते हैं। किसी से बहस करने का उद्देश्य यह होना चाहिए कि हम दोनों एक-दूसरे से कुछ नया सीखें, न कि सिर्फ अपनी बातों को साबित करने के लिए। हमें अपने वचनों को बोलने से पहले तौलना आवश्यक है।*

*👨‍👩‍👧‍👦✍️➡️🕉️ प्रति समय प्रसन्न रहते हुए अपने सच्चे कर्तव्यों ( वह कार्य जो हमें 84 लाख योनियों से मुक्त करने में सहयोग प्रदान करें ) का पालन कीजिये।*
*➡️जैसा हमारा कर्म होगा वैसा ही हमें फल प्राप्त होगा।आज वर्तमान में जो भी हम सभी को प्राप्त हो रहा है वह हमारे द्वारा  पूर्वो पार्जित कर्मो का ही फल है।आप किसी भी जीव के मोक्ष मार्ग में सहयोगी नहीं बन सकते तो विरोधी बनकर पाप का संचय मत करो। ना ही किसी बात चिंता  करो, अच्छे कर्म करो जो हमसे कोई छुड़ा भी नहीं सकता और चुरा भी नहीं सकता।कर्म यह ऐसी संपत्ति है जो मरने के बाद भी हमारे साथ रहती है।जब जीव जन्म लेता है तो केवल अपने पूर्वो पार्जित कर्मों के साथ ही जन्म लेता है।*
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*जैनम जयतु शासनम*
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